गुप्‍त गोदावरी- जो आज भी अबूझ पहेली बनी है

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Sunday, September 27, 2009

रामलीला मैदान में लगे गंदगी के ढेर

चित्रकूट। भले ही मुख्यालय के तीन स्थानों पर मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम के चरित्र को लीलाओं के माध्यम से दिखाये जाने का कार्यक्रम शुरू हो चुका हो पर नगर पालिका परिषद अभी भी नींद में सो रही है। पालिका केवल शाम के समय लीला होने के कुछ घंटों पहले ही सफाई के नाम पर खाना पूरी करवा कर अपने काम की इतिश्री कर रही है।

यह नजारा एक नही बल्कि शंकर बाजार, पुरानी बाजार और नया बाजार तीनों जगहों की राम लीलाओं पर साफ दिखाई देता है। तीनों स्थानों पर अतिक्रमण होने से लीला देखने वालों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पुरानी बाजार राम लीला कमेटी के बसन्त राव गोरे कहते हैं कि गनीमत है कि कम से कम पुरानी बाजार की राम लीला कमेटी के पास अपना भवन और मैदान है। जहां पर अब सीमेंट के ईट लग चुके हैं जिसकी वजह से गंदगी ज्यादा नही होती पर अभी भी कुछ लोग नगर पालिका की जमीन के अंदर ही डिब्बा रखकर अतिक्रमण करे हैं। जानवरों को मैदान पर बांधकर लोग गंदा कर देते हैं। रामलीला कमेटी के महेन्द्र अग्रवाल कहते हैं कि पिछली बार राम लीला के ठीक सामने खुले देशी शराब के ठेके को लेकर तमाम विरोध किया गया जिस पर एसडीएम ने उसे हटाने के आदेश भी कर दिये थे पर आबकारी विभाग के इंसपेक्टर द्वारा उसे फिर से खुलवा दिया गया। अब हाल यह है कि लीला के समय तमाम शराबी पंडाल में घुस आते हैं और उत्पात मचाते हैं।